अल्मोड़ा, 21 मार्च 2026।
जनपद अल्मोड़ा में ग्रामीण उद्यमिता को प्रोत्साहन देने तथा स्वयं सहायता समूहों की आजीविका को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण उद्यम वेग वृद्धि परियोजना (रीप) के अंतर्गत दो दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम 20 एवं 21 मार्च 2026 को होटल हिमसागर, अल्मोड़ा में आयोजित हुआ, जिसमें एनआरएलएम द्वारा गठित एवं ग्रामोत्थान (रीप) द्वारा अंगीकृत क्लस्टरों के नवनियुक्त कार्मिकों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन मुख्य विकास अधिकारी के दिशानिर्देशन में किया गया। प्रशिक्षण के दौरान जिला प्रबंधन इकाई, अल्मोड़ा के सहायक प्रबंधक (संस्थाएं एवं समावेशन) संदीप सिंह ने प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को परियोजना की कार्यप्रणाली से अवगत कराते हुए सहकारिता स्तर पर दस्तावेजीकरण एवं रिपोर्टिंग को व्यवस्थित और समयबद्ध ढंग से संचालित करने पर विशेष जोर दिया।
कार्यक्रम के द्वितीय दिवस का शुभारंभ परियोजना निदेशक, ग्राम्य विकास विभाग अल्मोड़ा के०एन० तिवारी द्वारा किया गया। इस अवसर पर जिला स्तरीय कार्मिकों के साथ-साथ विकासखण्ड हवालबाग, लमगड़ा, धौलादेवी, भैंसियाछाना एवं द्वाराहाट के अंतर्गत चयनित सीएलएफ के नवनियुक्त कार्मिकों ने प्रतिभाग किया।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान सहायक प्रबंधक (लाइवलीहुड) सुनील जोशी ने पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से समूह सदस्यों की आजीविका सुदृढ़ करने से संबंधित विभिन्न योजनाओं एवं परियोजना के प्रमुख पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी।
इस अवसर पर परियोजना निदेशक के०एन० तिवारी ने प्रशिक्षणार्थियों को संबोधित करते हुए अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण समर्पण और मनोयोग के साथ करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण से अर्जित ज्ञान का उपयोग करते हुए स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों ने अपने अनुभवों और अर्जित ज्ञान को साझा किया, जिससे कार्यक्रम का वातावरण अत्यंत सकारात्मक और प्रेरणादायी बना रहा। साथ ही परियोजना निदेशक द्वारा फील्ड स्तर पर कार्य करते समय आने वाली चुनौतियों एवं उनके व्यावहारिक समाधान के बारे में भी विस्तार से मार्गदर्शन दिया गया, जिससे प्रतिभागियों में कार्य के प्रति उत्साह और आत्मविश्वास में वृद्धि हुई।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर परियोजना निदेशक के०एन० तिवारी एवं जिला परियोजना प्रबंधक राजेश मठपाल द्वारा प्रशिक्षणार्थियों को फील्ड भ्रमण के लिए उपयोगी पीठ बैग तथा प्रमाण पत्र वितरित किए गए। जिला परियोजना प्रबंधक ने सभी कार्मिकों से समन्वय के साथ कार्य करते हुए परियोजना के उद्देश्यों की पूर्ति के लिए पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान किया।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में सहायक प्रबंधक (मूल्यांकन एवं अनुश्रवण) दीपक चंद रमोला, यंग प्रोफेशनल उत्कर्ष गुप्ता सहित अन्य कार्मिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में लगभग 70 प्रतिभागियों ने सक्रिय सहभागिता कर प्रशिक्षण का लाभ प्राप्त किया।





