धौलछीना। श्री रामलीला कमेटी धौलछीना की ओर से आयोजित 11 दिवसीय रामलीला महोत्सव का भगवान श्रीराम के भव्य राज्याभिषेक के साथ श्रद्धा, उल्लास एवं भक्तिमय वातावरण में समापन हो गया। समापन समारोह में क्षेत्रीय विधायक मनोज तिवारी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक के पश्चात रामलीला के विभिन्न पात्रों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। इस अवसर पर रामलीला मैदान में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं एवं क्षेत्रवासियों की उपस्थिति रही।
महोत्सव के अंतिम दिन भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण एवं हनुमान जी के 14 वर्ष का वनवास पूर्ण कर अयोध्या लौटने का भावपूर्ण मंचन किया गया। प्रभु श्रीराम के अयोध्या आगमन पर श्रद्धालुओं एवं दर्शकों ने पुष्पवर्षा कर उनका भव्य स्वागत किया। इसके उपरांत विधि-विधान के साथ भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक संपन्न कराया गया। इस भक्तिमय एवं भावुक प्रसंग ने उपस्थित दर्शकों को भावविभोर कर दिया और पूरा रामलीला परिसर जय श्रीराम के जयघोष से गूंज उठा।
राज्याभिषेक के बाद आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में रामलीला के विभिन्न पात्रों को कमेटी की ओर से आकर्षक पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि विधायक मनोज तिवारी ने सफल आयोजन के लिए रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों, कलाकारों एवं क्षेत्रवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि रामलीला जैसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन हमारी समृद्ध लोक परंपराओं, सांस्कृतिक विरासत और मर्यादाओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने रामलीला पंडाल के भीतर टाइल्स लगवाने का भी आश्वासन दिया।
समापन समारोह में जय नंदा लोक कला केंद्र अल्मोड़ा के कलाकारों ने मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। वहीं, महोत्सव के समापन से एक दिन पूर्व आयोजित सांस्कृतिक संध्या में प्रसिद्ध लोक गायक रोशन बनोला ने अपने लोकप्रिय कुमाऊंनी गीतों से ऐसा समां बांधा कि दर्शक देर रात तक झूमते रहे। लोकगीतों एवं रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने 11 दिवसीय महोत्सव की रौनक को और बढ़ा दिया।
इस अवसर पर कमेटी के व्यवस्थापक दरबान सिंह रावत ने महोत्सव को सफल बनाने में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग करने वाले सभी अतिथियों, कलाकारों, सहयोगियों एवं क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया। कमेटी अध्यक्ष चंदन सिंह मेहरा ने भी सभी का धन्यवाद करते हुए आयोजन की सफलता का श्रेय सामूहिक सहयोग एवं क्षेत्रवासियों की सहभागिता को दिया।
धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और लोक परंपराओं के संगम के रूप में आयोजित धौलछीना का 11 दिवसीय रामलीला महोत्सव भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक के साथ यादगार बनकर संपन्न हो गया।


