अल्मोड़ा | 18 जुलाई 2026।
धार्मिक एवं साहसिक पर्यटन को नई दिशा देने की पहल के तहत कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत ने शनिवार को वृद्ध जागेश्वर से जागेश्वर धाम तक पैदल ट्रेक कर मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ट्रेक मार्ग की गुणवत्ता, सुरक्षा व्यवस्था और उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लेते हुए अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।
इससे पूर्व आयुक्त ने वृद्ध जागेश्वर मंदिर में भगवान शिव के दर्शन एवं विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि एवं जनकल्याण की कामना की। इसके उपरांत उन्होंने पैदल ट्रेक करते हुए मार्ग के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण किया और स्थानीय ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों तथा संबंधित अधिकारियों से क्षेत्र के विकास और पर्यटन की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। इस दौरान उन्होंने स्थानीय लोगों से सुझाव भी प्राप्त किए।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने ट्रेक मार्ग के क्षतिग्रस्त हिस्सों को प्राथमिकता के आधार पर ठीक कराने तथा वर्षाकाल में फिसलन वाले स्थानों पर सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश जिलाधिकारी को दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा एवं सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। ट्रेक मार्ग को सुरक्षित, सुगम और आकर्षक बनाया जाना चाहिए, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु और पर्यटक बिना किसी असुविधा के इस प्राकृतिक एवं धार्मिक धरोहर का आनंद ले सकें।
इसके बाद आयुक्त जागेश्वर धाम पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान जागेश्वर के दर्शन एवं पूजा-अर्चना की। उन्होंने मंदिर परिसर का भ्रमण कर श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध सुविधाओं का भी निरीक्षण किया। इस दौरान स्वच्छता, पेयजल, यातायात प्रबंधन, पार्किंग, मार्गदर्शन संकेतक तथा अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधार के निर्देश दिए।
आयुक्त दीपक रावत ने कहा कि वृद्ध जागेश्वर से जागेश्वर धाम तक का ट्रेक धार्मिक, प्राकृतिक और साहसिक पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि इस मार्ग का वैज्ञानिक ढंग से विकास किया जाए और आवश्यक सुविधाएँ विकसित की जाएँ, तो यह क्षेत्र राष्ट्रीय स्तर पर एक प्रमुख धार्मिक एवं ट्रेकिंग गंतव्य के रूप में स्थापित हो सकता है। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे तथा क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि ट्रेक मार्ग के क्षतिग्रस्त हिस्सों की शीघ्र मरम्मत, सुरक्षा रेलिंग, फिसलन वाले स्थानों पर आवश्यक सुरक्षा उपाय, दिशा-सूचक संकेतक, विश्राम स्थलों तथा अन्य मूलभूत पर्यटन सुविधाओं का विकास प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित किया जाए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी अंशुल सिंह, अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र, तहसीलदार ज्योति धपवाल, संबंधित विभागों के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
धार्मिक आस्था, प्राकृतिक सौंदर्य और साहसिक पर्यटन का अनूठा संगम माने जाने वाले जागेश्वर क्षेत्र के समग्र विकास की दिशा में कुमाऊँ आयुक्त का यह निरीक्षण एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।




