अल्मोड़ा। जनपद में बालिकाओं को गर्भाशय ग्रीवा कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित करने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण अभियान लगातार गति पकड़ रहा है। वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. रंजन तिवारी एवं डॉ. नीरज के निर्देशन में जिला अस्पताल अल्मोड़ा, हवालबाग पीएचसी तथा दौलाघाट ब्लॉक सहित विभिन्न क्षेत्रों में यह अभियान प्रभावी ढंग से संचालित किया जा रहा है।
अभियान के तहत बीरशेबा सीनियर सेकेंडरी स्कूल, अल्मोड़ा की 25 पात्र छात्राओं का हवालबाग पीएचसी केंद्र में सफलतापूर्वक टीकाकरण किया गया। इस अवसर पर सभी छात्राओं को टीकाकरण प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए।
टीकाकरण कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को गर्भाशय ग्रीवा कैंसर (सर्वाइकल कैंसर), एचपीवी संक्रमण तथा एचपीवी वैक्सीन के महत्व के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। विशेषज्ञों ने बताया कि एचपीवी वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए अत्यंत प्रभावी, सुरक्षित एवं विश्वसनीय उपाय है, जो भविष्य में गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों से सुरक्षा प्रदान करती है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जनपद अल्मोड़ा के अधिकांश ब्लॉकों में अभिभावकों एवं छात्राओं की सकारात्मक भागीदारी के कारण बड़ी संख्या में पात्र बालिकाओं का टीकाकरण किया जा चुका है। हालांकि हवालबाग ब्लॉक में अभी भी कुछ पात्र छात्राएं टीकाकरण से वंचित हैं, जिन तक पहुंच बनाने के लिए विभाग लगातार जागरूकता अभियान चला रहा है।
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक पिछले दो महीनों में जिलेभर में एचपीवी टीकाकरण के लिए चिन्हित 3009 पात्र छात्राओं में से 1773 छात्राओं को टीका लगाया जा चुका है। स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया कि अब तक टीकाकरण के बाद किसी प्रकार का गंभीर दुष्प्रभाव सामने नहीं आया है, जिससे वैक्सीन की सुरक्षा एवं प्रभावशीलता प्रमाणित होती है।
वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. रंजन तिवारी ने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि वे अपनी बेटियों के बेहतर एवं सुरक्षित भविष्य के लिए एचपीवी टीकाकरण अवश्य करवाएं। उन्होंने कहा कि समय पर लगाया गया यह टीका भविष्य में गर्भाशय ग्रीवा कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से बचाव में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।




