हल्द्वानी, 13 जुलाई 2026।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर, हल्द्वानी में कार्यरत वाइटल रेडियोलॉजी सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के कर्मचारियों को पिछले तीन माह से वेतन न मिलने का मामला अब प्रशासन तक पहुंच गया है। शिकायत मिलते ही कुमाऊं आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने तत्काल संज्ञान लेते हुए नगर आयुक्त हल्द्वानी को मामले की जांच कर शीघ्र कार्रवाई करने तथा सभी कर्मचारियों का लंबित वेतन जल्द दिलाने के निर्देश दिए हैं।
कर्मचारियों द्वारा कुमाऊं आयुक्त को सौंपे गए शिकायती पत्र में बताया गया है कि वे आयुष्मान आरोग्य मंदिर में पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन कंपनी प्रबंधन ने अप्रैल, मई और जून 2026 का वेतन अब तक जारी नहीं किया है। लगातार तीन माह से वेतन न मिलने के कारण कर्मचारियों और उनके परिवारों के सामने गंभीर आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। बच्चों की शिक्षा, घरेलू खर्च और इलाज जैसी मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति भी कठिन हो गई है। कर्मचारियों ने यह भी बताया कि कुसुमखेड़ा स्थित सेंटर को भी बंद कर दिया गया है।
शिकायत में कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि वेतन की मांग करने पर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता है तथा नौकरी से निकालने और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकियां दी जाती हैं। उनका कहना है कि इस संबंध में कंपनी प्रबंधन को कई बार मौखिक और लिखित रूप से अवगत कराया गया, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया।
शिकायत के अनुसार इस मामले से लगभग 50 कर्मचारी प्रभावित हैं, जिनमें 10 चिकित्सक, 10 फार्मासिस्ट, 10 स्टाफ नर्स, 10 एमपीडब्ल्यू तथा 10 सफाई कर्मचारी शामिल हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कुमाऊं आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने नगर आयुक्त हल्द्वानी को निर्देश दिए हैं कि कर्मचारियों के लंबित वेतन का शीघ्र भुगतान सुनिश्चित कराया जाए तथा बंद पड़े कुसुमखेड़ा सेंटर को पुनः संचालित कराने के संबंध में भी आवश्यक कार्रवाई की जाए। प्रशासन की इस त्वरित पहल से कर्मचारियों में न्याय मिलने की उम्मीद जगी है।




