अल्मोड़ा, 30 जून 2026।
मानसून के दौरान संभावित आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने, विभिन्न विभागों के बीच समन्वय मजबूत करने तथा आपदा प्रतिक्रिया तंत्र की क्षमता परखने के लिए आगामी 2 जुलाई को जनपद के छह स्थानों पर मेगा मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। इसकी तैयारियों के तहत मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अंशुल सिंह की अध्यक्षता में टेबल टॉप एक्सरसाइज (बैठक) आयोजित की गई।
बैठक में विभिन्न विभागों ने संभावित आपदा परिदृश्यों के अनुरूप अपनी-अपनी कार्ययोजनाओं की समीक्षा की। जिलाधिकारी ने कहा कि मॉक ड्रिल में शामिल सभी टीमें अपनी जिम्मेदारियों को भली-भांति समझ लें। उन्होंने बताया कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा की स्थिति में रेस्क्यू ऑपरेशन, उपलब्ध संसाधनों, विभागीय समन्वय और रिस्पांस टाइम का वास्तविक परीक्षण करना है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में प्रभावी एवं त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
उन्होंने कहा कि सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और मॉक ड्रिल के दौरान अपने संसाधनों एवं प्रतिक्रिया क्षमता का बेहतर प्रदर्शन करें, जिससे भविष्य में किसी भी आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्य सफलतापूर्वक संचालित किए जा सकें।
इन छह स्थानों पर होगी मॉक ड्रिल:
रानीखेत के इंदिरा बस्ती में भूस्खलन
द्वाराहाट के सलना गांव में बादल फटना
सल्ट क्षेत्र में बस दुर्घटना
लमगड़ा के कनरा गांव में बादल फटना
जागेश्वर में भीड़ प्रबंधन
क्वारब में भूस्खलन
बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी दीपक सिंह, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल सहित आर्मी, आईटीबीपी, एसएसबी, एसडीआरएफ, अग्निशमन, पुलिस एवं अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।





