अल्मोड़ा | 23 जुलाई 2026।
जिलाधिकारी अंशुल सिंह की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित स्टाफ बैठक में न्यायिक वादों, कर संग्रहण, राजस्व वसूली तथा विभिन्न विभागों के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को लंबित मामलों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने, राजस्व संग्रहण में तेजी लाने तथा विभागीय समन्वय के साथ प्रभावी कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान अधीनस्थ न्यायालयों में लंबित एवं निस्तारित वादों की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने अवगत कराया कि जून माह के अंत तक भारतीय दंड संहिता (IPC) एवं भारतीय न्याय संहिता (BNS) से संबंधित 407 प्रकरण लंबित हैं। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को मामलों के शीघ्र एवं प्रभावी निस्तारण के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही एनडीपीएस एवं पॉक्सो अधिनियम से जुड़े मामलों की भी समीक्षा कर त्वरित कार्रवाई पर जोर दिया।
जिलाधिकारी ने सड़क दुर्घटनाओं से संबंधित लंबित मजिस्ट्रियल जांचों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा।
खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत चल रही कार्रवाई की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने खाद्य प्रतिष्ठानों का नियमित एवं व्यापक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में राजस्व, पुलिस, आबकारी, जीएसटी सहित विभिन्न विभागों के न्यायिक वादों एवं कर संग्रहण की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को राजस्व प्राप्तियों में वृद्धि, लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण तथा आपसी समन्वय के साथ कार्य कर शासन की प्राथमिकताओं को प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी रामजी शरण शर्मा, प्रभागीय वनाधिकारी प्रदीप धौलाखंडी, अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र, संयुक्त मजिस्ट्रेट रानीखेत दीक्षिता जोशी, जनपद के समस्त उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, कलेक्ट्रेट का स्टाफ तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।





