अल्मोड़ा, 8 सितंबर 2026।
नगर क्षेत्र में जनसुविधाओं को बेहतर बनाने और स्थानीय समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने मंगलवार को नगर निगम अल्मोड़ा के दुगालखोला एवं खगमरा वार्डों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सफाई व्यवस्था, नालियों, संपर्क मार्गों, पैदल रास्तों, विद्यालय परिसर तथा जर्जर भवनों की स्थिति का बारीकी से जायजा लिया और संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने माल गांव से करबला होते हुए दुगालखोला तक जाने वाले मार्ग का भी निरीक्षण किया। मार्ग के कई हिस्सों के क्षतिग्रस्त होने से स्थानीय लोगों को हो रही परेशानी को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने जिला पंचायत के अधिकारियों को मार्ग की शीघ्र मरम्मत कर उसे सुरक्षित एवं सुगम बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसुविधा से जुड़े कार्यों में अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा तथा मार्ग सुधार के कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाए।
नालियों की सफाई के साथ मलबे का तत्काल निस्तारण जरूरी
जिलाधिकारी ने दोनों वार्डों में सड़कों एवं गलियों के किनारे बनी नालियों का निरीक्षण करते हुए नगर निगम के अधिकारियों को नालियों की नियमित और समुचित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने जल निकासी में आ रही बाधाओं को तत्काल दूर करने को कहा।
उन्होंने विशेष रूप से निर्देशित किया कि नालियों की सफाई के बाद निकलने वाला कूड़ा, गाद एवं मलबा सड़क किनारे छोड़कर खानापूर्ति न की जाए, बल्कि उसे तत्काल उठाकर निर्धारित स्थान पर उचित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
झाड़ियों की कटाई और पैदल रास्तों को व्यवस्थित करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान सड़कों, गलियों और नालों के आसपास उगी झाड़ियों को देखते हुए जिलाधिकारी ने उनका तत्काल कटान कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि झाड़ियों के कारण न तो पैदल आवागमन बाधित होना चाहिए और न ही सफाई व्यवस्था प्रभावित होनी चाहिए।
उन्होंने नालों के ऊपर जहां आवश्यक हो वहां सुरक्षित पैदल रास्ते विकसित करने तथा पहले से बने रास्तों को व्यवस्थित और दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए, ताकि स्थानीय नागरिकों को आवागमन में परेशानी न हो।
क्षतिग्रस्त रास्तों और पैदल मार्गों का निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी ने अधिकारियों को उनकी मरम्मत शीघ्र कराने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि नगर क्षेत्र में सफाई, जल निकासी और सुरक्षित आवागमन से संबंधित समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए।
स्कूल और आंगनबाड़ी परिसर में स्वच्छता पर जोर
जिलाधिकारी ने राजकीय प्राथमिक विद्यालय दुगालखोला एवं आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय परिसर और आसपास की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने तथा उगी हुई झाड़ियों की तत्काल कटाई कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि बच्चों के लिए विद्यालय परिसर स्वच्छ, सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण वाला होना चाहिए। परिसर अथवा उसके आसपास किसी भी प्रकार का कूड़ा-कचरा या मलबा जमा न होने दिया जाए तथा नियमित सफाई की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जर्जर भवन को ध्वस्त करने की कार्रवाई शीघ्र पूरी करने के निर्देश
इसके बाद जिलाधिकारी ने आवास विकास क्षेत्र स्थित एक जर्जर भवन का निरीक्षण किया। भवन की खराब स्थिति को देखते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सुरक्षा की दृष्टि से भवन को ध्वस्त करने की कार्रवाई शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जर्जर भवन के कारण आसपास रहने वाले लोगों के लिए किसी भी प्रकार का खतरा उत्पन्न नहीं होना चाहिए। इसके लिए सभी आवश्यक कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर पूरी की जाए।
विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर जोर
जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नगर क्षेत्र की जनसमस्याओं के समाधान के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ धरातल पर प्रभावी कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि केवल कार्य शुरू करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि कार्य पूर्ण होने के बाद उसकी गुणवत्ता, नियमित निगरानी और सफाई व्यवस्था को भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
निरीक्षण के दौरान दर्जा राज्यमंत्री गंगा बिष्ट, नगर आयुक्त सीमा विश्वकर्मा, उपजिलाधिकारी संजय कुमार सहित नगर निगम, जिला पंचायत एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।




