चोरगलिया। नशा मुक्ति केंद्रों के संचालन में नियमों की अनदेखी पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए सोमवार को निर्मल दर्शन नशा मुक्ति केंद्र, चोरगलिया का औचक निरीक्षण किया। ड्रग इंस्पेक्टर, स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण विभाग एवं पुलिस की संयुक्त टीम ने केंद्र पहुंचकर वहां व्यवस्थाओं, दवाइयों के स्टॉक और निर्धारित मानकों के अनुपालन की बारीकी से जांच की।
निरीक्षण के दौरान केंद्र में पुरुष एवं महिला दोनों मरीज/सेवाग्राही पाए गए। जांच में संस्था का स्टेट मेंटल हेल्थ अथॉरिटी द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप पंजीकरण भी पाया गया।
हालांकि, निरीक्षण के दौरान दवाइयों के रखरखाव और स्टॉक से संबंधित अनियमितताएं सामने आईं। ड्रग इंस्पेक्टर द्वारा कुछ दवाइयों का स्टॉक नियमानुसार एवं सही तरीके से संधारित नहीं पाए जाने पर उन्हें मौके पर ही सीज कर दिया गया। साथ ही बिना आवश्यक स्टॉक पंजीकरण के दवाइयां रखने के मामले में संस्था के विरुद्ध नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई के लिए प्रकरण संबंधित स्तर पर अग्रसारित किया गया।
संयुक्त टीम को निरीक्षण के दौरान केंद्र में काउंसलर भी कार्यरत नहीं मिला। इस पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से संबंधित संस्था को नोटिस जारी करते हुए नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई शुरू की गई।
अधिकारियों ने केंद्र प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए कि नशा मुक्ति केंद्र का संचालन निर्धारित नियमों, मानकों और स्वास्थ्य संबंधी प्रावधानों के अनुरूप ही किया जाए। मरीजों को आवश्यक चिकित्सा, काउंसलिंग एवं अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा दवाइयों के रखरखाव एवं रिकॉर्ड को नियमानुसार दुरुस्त रखने के भी निर्देश दिए गए।
औचक निरीक्षण की कार्रवाई के बाद नशा मुक्ति केंद्रों के संचालन को लेकर संबंधित संस्थाओं में भी हड़कंप की स्थिति बनी हुई है। अधिकारियों ने संकेत दिया कि नियमों की अनदेखी करने वाले संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।




